हर मनुष्य के जीवन का आधार उसके बाल्यकाल के संस्कार एवं शिक्षा पर निर्भर करता है।
आयुध निर्माणी कानपुर के कर्मचारी स्व. देवीशरण पाण्डेय जी एवं स्व. उदयभान सिंह जी की देखरेख में जब 1965 में भारत सेवक शिक्षा सदन इण्टरमीडिएट कॉलेज की स्थापना आरमापुर, कानपुर में हुई तो यह गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के माध्यम से समाज को सशक्त बनाने का एक दूरदर्शी और अग्रणी प्रयास था।
मेरा अहोभाग्य है कि मैं राघवेंद्र कुमार सिंह भारत सेवक शिक्षा सदन इण्टरमीडिएट कॉलेज का प्रबंधक हूँ, जहाँ राष्ट्र की भावी पीढ़ी को सुसंस्कार, ज्ञान की शिक्षा-दीक्षा प्रदान करने का कार्य सतत रूप से चलाया जा रहा है। हमारा उद्देश्य यह है कि जब छात्र अंततः विद्यालय से बाहर चला जाए, तो उसे न केवल अपने विषय को जानना चाहिए, बल्कि उसमें पूर्ण व्यक्तित्व और मूल्यों का भी होना चाहिए।
मैं अपने सभी विद्यार्थियों के उज्जवल भविष्य की कामना करता हूँ। हम विश्वास दिलाते हैं कि विद्यालय प्रबंधन निरंतर उत्तरोत्तर प्रगति हेतु प्रयास करता रहेगा।
राघवेंद्र कुमार सिंह
प्रबंधक